ग्राम रनई के आलोक तिवारी को मानद पीएचडी, ज्योतिष के क्षेत्र में बनाई देश-विदेश में पहचान
कोरिया/सुनील शर्मा। छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले के ग्राम रनई निवासी पं. आलोक तिवारी (मनीष) को ज्योतिष एवं वास्तु के क्षेत्र में उनके अनुभव और शोध के आधार पर Honorary Doctorate (मानद पीएचडी) की उपाधि प्रदान की गई है। इस उपलब्धि के बाद वे अब डॉ. आलोक तिवारी के नाम से जाने जाएंगे।

ज्योतिष के क्षेत्र में डॉ. आलोक तिवारी ने अपने अनुभव और ज्ञान के माध्यम से देश के साथ-साथ विदेशों में भी अपनी पहचान बनाई है। एक छोटे से गांव में जन्मे और ग्राम रनई के शासकीय विद्यालय से शिक्षा प्राप्त करने वाले आलोक तिवारी का मानद डॉक्टरेट तक पहुंचना गांव और क्षेत्र के लिए गौरव का विषय बताया जा रहा है।
यूट्यूब के माध्यम से दे रहे निःशुल्क ज्योतिष शिक्षा
डॉ. आलोक तिवारी ने बताया कि वे अपने यूट्यूब चैनल “Alok Tiwari ASTROLOGER” के माध्यम से ज्योतिष शास्त्र की निःशुल्क शिक्षा भी दे रहे हैं। ज्योतिष सीखने में रुचि रखने वाले लोग उनके यूट्यूब चैनल के माध्यम से ज्योतिष से संबंधित जानकारी और शिक्षा प्राप्त कर सकते हैं।
बचपन के मित्र ने बताया मेहनत का परिणाम
डॉ. आलोक तिवारी के बचपन के मित्र शशि प्रकाश जायसवाल, निवासी ग्राम रनई, ने उनकी उपलब्धि पर खुशी जताते हुए कहा कि आलोक को वे बचपन से जानते हैं। जिस काम को करने का वे संकल्प लेते हैं, उसे पूरे मन से करने की उनकी आदत रही है। उन्होंने कहा कि आज उनकी इसी लगन और मेहनत का परिणाम है कि वे मानद पीएचडी की उपाधि से सम्मानित हुए हैं।
शशि प्रकाश जायसवाल ने कहा कि उनके बचपन के मित्र का इस मुकाम तक पहुंचना उनके लिए बेहद खुशी और गर्व की बात है।
परिवार ने भी जताई खुशी
डॉ. आलोक तिवारी के मामा राम सुशील पाण्डेय, निवासी ग्राम रनई, ने कहा कि उनके परिवार के साथ-साथ पूरे ग्राम और क्षेत्र के लिए यह गौरव की बात है कि उनके भांजे को डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त हुई है।
उन्होंने कहा कि आलोक बचपन से ही परिश्रमी और दृढ़ संकल्पी रहे हैं। उनके लगातार परिश्रम का परिणाम आज इस उपलब्धि के रूप में सामने आया है।
ग्राम रनई से निकलकर ज्योतिष एवं वास्तु के क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने और मानद डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त करने वाले डॉ. आलोक तिवारी की इस उपलब्धि से उनके परिवार, मित्रों और ग्रामीणों में खुशी का माहौल है।
Author: Man Tantra 24










