220 बिस्तर सिविल अस्पताल मनेंद्रगढ़ में आयोजित हुआ विदाई समारोह, अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने याद किया उनका समर्पित सेवाकाल
मनेंद्रगढ़/सुनील शर्मा। सेवा, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल पेश करने वाले 220 बिस्तर सिविल अस्पताल मनेंद्रगढ़ में विगत 41 वर्षों से सेवाएं दे रहे श्रीनिवास मिश्र 31 अक्टूबर को सेवानिवृत्त हुए। उनके लंबे और समर्पित सेवाकाल के उपलक्ष्य में बुधवार, 4 नवंबर को अस्पताल के अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा सामूहिक रूप से विदाई समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सहकर्मियों ने उन्हें भावभीनी विदाई देते हुए उनके सेवाकाल की उपलब्धियों और योगदान को याद किया।

समारोह के दौरान श्रीनिवास मिश्र के प्रति सम्मान और आत्मीयता का भाव देखने को मिला। अस्पताल में चार दशक से अधिक समय तक सेवाएं देने वाले श्री मिश्र ने अपने कार्यकाल में कर्तव्यनिष्ठा और समर्पण के साथ अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन किया। उनके सहकर्मियों ने उनके कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि उनका लंबा सेवाकाल अस्पताल के लिए महत्वपूर्ण रहा है। उनके अनुभव, कार्यशैली और सहयोगात्मक व्यवहार को हमेशा याद किया जाएगा।
विदाई समारोह में उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने श्रीनिवास मिश्र के स्वस्थ, सुखमय और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। सेवानिवृत्ति के इस अवसर पर सहकर्मियों के बीच भावुकता के साथ सम्मान और अपनत्व का माहौल रहा।

कार्यक्रम में अस्पताल अधीक्षक डॉ. स्वप्निल तिवारी, प्रभारी खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. विकास पोद्दार, डॉ. प्रकाश जायसवाल, डॉ. भाषिता साहू, डॉ. आलेख सिदार, डॉ. अमित मिर्रे, डॉ. मनिंदर सिंह, डॉ. अभय, डॉ. शालिनी, डॉ. इंतजार ओरखे, डॉ. विनीत विश्वकर्मा, डॉ. प्रियंका, डॉ. कीर्ति, डॉ. मरावी, सुबीना डेविड, आर.डी. दीवान, अनुपमा सिंह, विदेशी नाहक, रीमा सिंह, भारती विश्वकर्मा, अरुण ताम्रकार, प्रवीण सिंह, सोमेंद्र मंडल, गायत्री मरकाम, पुष्पा पटेल, नीता नायर, पी. सोलोमन, खुर्शीद अहमद, पिंकू पटेल, रीता मिश्रा, प्रियंका साहू, धर्मपाल, शिव प्रसाद यादव, देवप्रिया एक्का, गौरी शंकर सोंधिया, जितेंद्र सेन पावला, संगीता, राहुल शर्मा, दीपक जायसवाल, सावित्री जायसवाल, नीरजा जेम्स, शैलेन्द्र मिश्रा, शैल कुमार, रूपा रजक, सुरेश पनिका सहित बड़ी संख्या में अस्पताल के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
41 वर्षों की यह सेवा यात्रा केवल एक नौकरी का सफर नहीं, बल्कि कर्तव्य और समर्पण की एक ऐसी मिसाल है, जिसे अस्पताल परिवार लंबे समय तक याद रखेगा।
Author: Man Tantra 24









