वर्ल्ड ओरल हेल्थ डे/विशेषांक: दांतों की अनदेखी शरीर की अन्य गंभीर बीमारियों को खुला निमंत्रण – डॉ. नवाज

वर्ल्ड ओरल हेल्थ डे: दांतों की अनदेखी शरीर की अन्य गंभीर बीमारियों को खुला निमंत्रण – डॉ. नवाज

छत्तीसगढ़/सुनील शर्मा: अक्सर हम शरीर के बाकी हिस्सों की सेहत का तो ध्यान रखते हैं, लेकिन ‘शरीर के मुख्य द्वार’ यानी हमारे मुंह (Oral Health) को नजरअंदाज कर देते हैं। 20 मार्च ‘विश्व मौखिक स्वास्थ्य दिवस’ (World Oral Health Day) के अवसर पर प्रसिद्ध दंत चिकित्सक डॉ. एम.एस. नवाज (डॉ. मो. सबा नवाज) ने बताया कि खराब ओरल हाइजीन केवल दांतों के लिए ही नहीं, बल्कि हृदय, मस्तिष्क और पूरे शरीर के लिए घातक साबित हो सकती है।

मुंह की गंदगी और शरीर का संबंध: क्यों है यह खतरनाक?

​डॉ. नवाज के अनुसार, मुंह हमारे शरीर का प्रवेश द्वार है। यदि यहां संक्रमण (Infection) होता है, तो वह रक्त के प्रवाह के साथ शरीर के अन्य हिस्सों तक पहुँच सकता है:

  • हृदय रोग (Heart Disease): मसूड़ों के बैक्टीरिया खून के जरिए हार्ट के वाल्व तक पहुँचकर संक्रमण का खतरा बढ़ा देते हैं।
  • अल्जाइमर और मस्तिष्क: जबड़ों की नसों के माध्यम से बैक्टीरिया मस्तिष्क तक पहुँच सकते हैं, जिससे भूलने की बीमारी (अल्जाइमर) का जोखिम बढ़ता है।
  • डायबिटीज (Diabetes): मधुमेह रोगियों में दांत गिरने की आशंका दुगुनी होती है। शुगर लेवल बढ़ने से मसूड़ों में रक्त संचार कम होता है और संक्रमण जल्दी फैलता है।
  • साइनसाइटिस: दांतों की जड़ों के पास स्थित साइनस में संक्रमण फैलने से गंभीर समस्या हो सकती है।
  • कैंसर: तंबाकू, सिगरेट और शराब के साथ खराब ओरल हाइजीन माउथ कैंसर का मुख्य कारण है।

दांतों की सड़न (Cavity) के 4 मुख्य कारण

​डॉ. नवाज ने बताया कि कैविटी केवल ब्रश न करने से नहीं, बल्कि इन कारणों से भी होती है:

  1. दांतों की बनावट: आड़े-तिरछे दांतों में ब्रश सही से नहीं पहुँच पाता।
  2. खान-पान: अधिक शक्कर, कार्बोहाइड्रेट और चिपचिपी चीजें (चॉकलेट, चिप्स)।
  3. हानिकारक बैक्टीरिया: मुंह में मौजूद बैक्टीरिया ‘प्लाक’ (सफेद परत) बनाते हैं जो सड़न का घर है।
  4. लापरवाही: नियमित सफाई का अभाव।

आधुनिक उपचार: अब दांत निकलवाना जरूरी नहीं

​चिकित्सा विज्ञान में प्रगति के कारण अब सड़े हुए दांतों को भी बचाया जा सकता है:

  • रूट केनाल थेरेपी (RCT): संक्रमण को साफ कर नस का इलाज किया जाता है और दांत पर कैप लगाई जाती है।
  • बच्चों के लिए विशेष उपचार: दूध के दांतों के लिए पल्पोटॉमी और पल्पेक्टॉमी जैसी प्रक्रियाएं उपलब्ध हैं, ताकि भविष्य में स्थायी दांत सही दिशा में आ सकें।
  • फ्लोराइड जेल: यह बच्चों के दांतों को मजबूत बनाता है और सड़न रोकता है।

स्वस्थ मुस्कान के लिए डॉ. नवाज के ‘हेल्थ टिप्स’

  1. दिन में दो बार ब्रश: सुबह और रात को सोने से पहले 3-4 मिनट तक प्रभावी तरीके से ब्रश करें।
  2. जीभ की सफाई: ओरल हाइजीन के लिए जीभ साफ करना न भूलें।
  3. ब्रश बदलें: हर तीन महीने में अपना टूथब्रश जरूर बदलें।
  4. विटामिन-C और कैल्शियम: डाइट में दूध, दही, पनीर और हरी सब्जियों को शामिल करें।
  5. नियमित जांच: साल में कम से कम एक बार डेंटिस्ट से चेकअप कराएं।
  6. बुरी आदतों से दूरी: धूम्रपान, गुटखा और तंबाकू से परहेज करें।

“दांतों के ऊपर ही जीवन की लंबाई टिकी है। स्वस्थ मुंह ही सुखी जीवन का आधार है।” – डॉ. एम.एस. नवाज

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Author: mantantra24

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